UP CM Baal Seva Yojana: उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने निराश्रित बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करने की दिशा में एक अहम कदम उठाया है। मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के तहत अब ऑनलाइन आवेदन की सुविधा शुरू कर दी गई है। इस फैसले से उन हजारों बच्चों और उनके परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी, जो आर्थिक या सामाजिक कारणों से बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगा पाते थे।
पहले ऑफलाइन थी प्रक्रिया, होती थी परेशानी
अब तक इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑफलाइन थी। लाभार्थियों को ब्लॉक स्तर पर बीडीओ या फिर जिला प्रोबेशन अधिकारी के कार्यालय में जाकर आवेदन पत्र जमा करना पड़ता था। दूर-दराज के इलाकों में रहने वाले कई जरूरतमंद बच्चे और उनके अभिभावक इस प्रक्रिया को पूरा नहीं कर पाते थे, जिससे वे योजना के लाभ से वंचित रह जाते थे।
अब ऑनलाइन आवेदन से मिलेगी बड़ी राहत
सरकार ने इस समस्या को समझते हुए आवेदन प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन कर दिया है। अब पात्र बच्चे या उनके अभिभावक मोबाइल फोन या नजदीकी जनसेवा केंद्र के माध्यम से आसानी से आवेदन कर सकते हैं। इससे न सिर्फ समय और पैसा बचेगा, बल्कि पारदर्शिता भी बढ़ेगी।
सत्यापन और स्वीकृति की प्रक्रिया
ऑनलाइन आवेदन प्राप्त होने के बाद शहरी क्षेत्रों में एसडीएम और ग्रामीण क्षेत्रों में खंड विकास अधिकारी (BDO) के स्तर पर सत्यापन किया जाएगा। सभी दस्तावेज और जानकारी सही पाए जाने पर आवेदन को पोर्टल पर अनुमोदित कर जिला प्रोबेशन विभाग को भेजा जाएगा। वहां से स्वीकृति मिलते ही लाभार्थी को योजना का लाभ मिलना शुरू हो जाएगा।
हर महीने 2500 रुपये की आर्थिक सहायता
इस योजना के तहत निराश्रित बच्चों के पालन-पोषण और पढ़ाई के लिए 2500 रुपये प्रति माह की सहायता दी जाती है। यह राशि हर तीन महीने में सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में ट्रांसफर की जाती है। वर्तमान में जिले में 2156 बच्चे इस योजना का लाभ उठा रहे हैं।
अधिक से अधिक बच्चों तक पहुंचेगी योजना
जिला प्रोबेशन अधिकारी के अनुसार, ऑनलाइन आवेदन सुविधा शुरू होने से अब और अधिक गरीब व बेसहारा बच्चों को योजना से जोड़ा जा सकेगा। इससे उन्हें शिक्षा और बेहतर जीवन की दिशा में मजबूत सहारा मिलेगा।
कुल मिलाकर, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना में ऑनलाइन आवेदन की सुविधा एक सराहनीय पहल है, जो जरूरतमंद बच्चों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।